गांधी और विवेकानंद का नया संगम : भारतीय राजनीति का बदलत... यह भी एक रहस्य ही बना हुआ है कि इतने लंबे समय तक गांधी और विवेकानंद के बीच कभी कोई सुल... 20 May 26 00:05 11 0
केशव चौबे जी की यादों से बलात्कार और व्यवस्था परिवर्तन ... आज मेरी फोन पर अपने मित्र केशव चौबे जी से बात हुई। वह मुझसे भी 8 वर्ष बड़े हैं। अभी उनकी उम्र 95-96 वर्ष हो गई... 20 May 26 00:05 10 0
बंगाल चुनाव के बाद मुस्लिम समाज के भीतर चल रहा वैचारिक ... बंगाल का चुनाव होने के बाद मुसलमान इस बात पर गंभीरता से सोच रहा है कि उसे क्या करना चाहिए। जब वह अपने बच्चों क... 20 May 26 00:05 10 0
नई व्यवस्था में समझौता न्याय से अधिक महत्वपूर्ण 19 में प्रातःकालीन सत्र। नई समाज व्यवस्था में हम न्याय की पश्चिम से आई हुई परिभाषा और तरीका, दोनों को बदल देंग... 19 May 26 00:05 11 0
नई समाज व्यवस्था की ओर सामूहिक यात्रा 18 में प्रातःकालीन सत्र। मैं नई समाज व्यवस्था पर प्रतिदिन प्रातःकाल एक पोस्ट लिखता हूं। मैं जो कुछ भी लिखता ह... 18 May 26 00:05 16 0
नरेंद्र मोदी के साथ विकास की सच्चाई पर नई बहस कल नरेंद्र मोदी ने पहली बार यह बात स्वीकार कर ली है कि दुनिया में विकास का फूलता हुआ... 18 May 26 00:05 18 0
बाल विवाह कानून समाप्त करने की आवश्यकता 16 में प्रातःकालीन सत्र। नई संवैधानिक व्यवस्था में हम बाल विवाह कानून को पूरी तरह समाप्त कर देंगे। कोई भी व्यक... 17 May 26 00:05 16 0
विकास बनाम पर्यावरण : विपक्ष की स्पष्ट नीति का प्रश्न कल मैं विपक्ष की चर्चा करते हुए यह प्रश्न पूछ चुका हूँ कि विपक्ष सिर्फ सरकार की आलोचना न क... 17 May 26 00:05 18 0
अल साल्वाडोर मॉडल और भारत में अपराध नियंत्रण की बहस अल साल्वाडोर दुनिया का एक छोटा सा देश है, लेकिन उसने नए मार्ग पर दुनिया के सामने अपराध निय... 17 May 26 00:05 12 0
नई भारतीय राजनीतिक व्यवस्था में ब्लैक, तस्करी और मिलावट... 17 में प्रातःकालीन सत्र। हम नई राजनीतिक व्यवस्था में ब्लैक, तस्करी, मिलावट — इ... 17 May 26 00:05 13 0
राहुल गांधी की बयानबाज़ी और विपक्ष के भविष्य पर उठते सव... जिस विपक्ष का सबसे बड़ा नेता राहुल गांधी सरीखा नासमझ हो, उस विपक्ष का भविष्य क्या हो... 17 May 26 00:05 5 0
राजनीति काजल की कोठरी है” — सत्ता, कलंक और अपवाद एक कहावत है कि राजनीति काजल की कोठरी है। जो इस कोठरी में प्रवेश करेगा, वह बिना दाग लगे निक... 16 May 26 00:05 18 0
नई राजनीतिक व्यवस्था में परिवार एक इकाई 15 में प्रातःकालीन सत्र नई राजनीतिक व्यवस्था में हम परिवार को एक इकाई मानेंगे। हमारे सरकारी रिकॉर्ड में कोई म... 16 May 26 00:05 19 0
“मुसलमान नासमझा होता है” — इतिहास, राजनीति और बदलते समय... मैं बहुत पहले से लिखता रहा हूं कि मुसलमान नासमझा होता है। आज मध्य प्रदेश उच्च न्या... 16 May 26 00:05 16 0
“माल महाराज का, मिर्जा खेले होली” — वर्तमान लोकतंत्र पर... एक कहावत है — “माल महाराज का, मिर्जा खेले होली।” भारत का लोकतंत्र ... 16 May 26 00:05 19 0